जालंधर, 19 अक्टूबर (Sunny ): पंजाब में कानून-व्यवस्था बनाए रखने की जिम्मेदारी राज्य सरकार की है, लेकिन अपने साढ़े चार साल के कार्यकाल का हिसाब देने के बजाय पंजाब सरकार के मंत्री और आम आदमी पार्टी (आप) केंद्र सरकार पर कीचड़ उछाल रहे हैं। यह कहना है भारतीय जनता पार्टी के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष विजय सांपला का।
जारी बयान के अनुसार, पंजाब को बार-बार बदनाम करने वाले अमन अरोड़ा के बयानों पर पलटवार करते हुए विजय सांपला ने सवाल किया कि संगरूर में गुलजार को आत्महत्या करने के लिए किसने मजबूर किया? काला झंडा दिखाने के कारण मोहनजीत शोरे पर थर्ड डिग्री का अमानवीय अत्याचार किसने करवाया? परविंदर सिंह झोटा की हत्या के पीछे परिवार के सदस्य किसे साजिशकर्ता बता रहे हैं? गुरदासपुर में बिक्रमजीत सिंह की मौत का जिम्मेदार कौन है और फतेहगढ़ साहिब में लखविंदर सिंह पर जानलेवा हमला करने वाले कैसे बच निकले?
विजय सांपला ने कहा कि आम आदमी पार्टी के पंजाब अध्यक्ष एवं कैबिनेट मंत्री अमन अरोड़ा को अपनी एसी कोठी से बाहर निकलकर पंजाब के लोगों का सामना करने की हिम्मत जुटानी चाहिए और इन सवालों के जवाब देने चाहिए।
विजय सांपला ने कहा, “अमन अरोड़ा जी, यदि साढ़े चार साल तक मंत्री रहने के बाद भी आपको यह पता नहीं चल पाया कि कानून-व्यवस्था राज्य का विषय है, तो दिल्ली वालों के लिखे-लिखाए बयान पढ़ने के बजाय बोलने से पहले किसी समझदार व्यक्ति की सलाह ले लिया करें।” सांपला ने कहा कि अमन अरोड़ा को यह नहीं भूलना चाहिए कि पंजाब में कानून-व्यवस्था बनाए रखना राज्य सरकार की प्राथमिक जिम्मेदारी है। केंद्र सरकार की जिम्मेदारियों का हवाला देकर अपनी नाकामियों से पल्ला नहीं झाड़ा जा सकता। पंजाब की जनता ने ‘आप’ को सरकार चलाने का जनादेश दिया है, न कि हर समस्या के लिए केंद्र को दोषी ठहराने का लाइसेंस।
उन्होंने कहा कि ‘आप’ के सुप्रीमो कहां हैं, जो दिल्ली में कहा करते थे कि दिल्ली पुलिस की जिम्मेदारी उन्हें दे दी जाए, तो वे सब कुछ ठीक कर देंगे। अब पंजाब पुलिस की जिम्मेदारी उनके पास है, फिर नशे, गैंगस्टरवाद और भ्रष्टाचार पर काबू क्यों नहीं पाया जा रहा है?

